UP Mukhyamantri Yuva Swarozgar Yojana-2018 । उत्तर प्रदेश मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना

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UP Mukhyamantri Yuva Swarozgar Yojana-2018 । उत्तर प्रदेश मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना

हमारे देश में युवा जन शक्ति की तादाद सबसे ज्यादा है। जिसके कारण उसके अनुपात में रोज़गार उपलब्ध करा पाना एक  टेड़ी खीर साबित हो रहा है। अत: देश के प्रत्येक राज्यों की सरकार द्वारा अपने प्रदेश में युवाओं की बेरोज़गारी की समस्या पर काबू पाने के लिए कौशल विकास कार्यक्रम एवं शिक्षित युवाओं के लिए स्वरोजगार  हेतु  मुख्यमंत्री ऋण योजना का शुभारम्भ किया गया है। इसी  क्रम उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा भी  वर्ष 2018 में युवा स्वरोजगार योजना का शुभारम्भ किया गया है।

इस योजना का क्रियान्वयन एवं संचालन प्रदेश में जिला स्तर पर जिला उधोग एवं उधम प्रोत्साहन केंद्र द्वारा किया जाएगा।  इस योजना के तहत युवाओं को स्वरोजगार हेतु नए उद्योग स्थापित करने के लिए 25 लाख तक की लागत की परियोजनाओं के लिए सब्सिडी दर पर ऋण उपलब्ध कराया जाएगा। इसके अतिरिक्त सेवा के क्षेत्र में इकाई स्थापित करने के लिए 10 लाख तक की परियोजना के लिए ऋण उपलब्ध कराई जायेगी। इस योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए आवेदन की तिथि पहले 4 मई निर्धारित की गयी थी। जो बाद में बढ़ाकर 13 जुलाई 2018 तक कर दी गई है। तो आइये जाने इस योजना की पूरी जानकारी।

उ.प्र. मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना का उद्देश्य (UP Mukhyamantri Yuva Swarozgar Yojana ka Uddesya): 

प्रदेश के  शिक्षित युवाओं की बेरोज़गारी की समस्या को दूर करने के लिए उनको स्वरोजगार हेतु ऋण उपलब्ध करवाना है। जिससे राज्य की शिक्षित युवा जन शक्ति का उपयोग उत्तर प्रदेश की उन्नति में किया जा सके और युवाओं के प्रदेश से रोज़गार की तलाश में पलायन को रोका जा सके। इस योजना से जहाँ शिक्षित बेरोजगारों की तादाद में कमी आएगी वहीं प्रदेश में  नए रोज़गार के विकल्प भी निर्मित होंगे।

उ.प्र. मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना के लाभ (UP Mukhyamantri Yuva Swarozgar Yojana ke labh) :

  • प्रदेश युवा बेरोज़गारी की समस्या को हल करने में सहायता मिलेगी जिससे राज्य की उन्नति की ओर अग्रसर होगा।
  •  25 लाख तक का ऋण  व्यवसायिक उधोग के लिए बैंकों द्वारा ऋण दिया जाएगा।
  •  10 लाख तक का ऋण सेवा क्षेत्र की में इकाइयों के स्थापना लिए योजना के तहत युवाओं को उपलब्ध कराया जाएगा।
  • योजना के तहत ऋण के लिए आवेदन करने पर परियोजना लागत का 25% सब्सिडी प्रदान किया जाएगा।
  • इस योजना के अंतर्गत 21% अनुसूचित जाति/जनजाति के युवाओं को स्वरोजगार हेतु ऋण उपलब्ध करने में प्राथमिकता दी जायेगी।
  • उत्तर प्रदेश युवा रोज़गार योजना के अंतर्गत राज्य के कम से कम  25 हज़ार युवाओं को स्वरोजगार हेतु ऋण उपलब्ध कराये जाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।

 उ.प्र. मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना में आवेदन के  लिए पात्रता (UP Mukhyamantri Yuva Swarozgar Yojana mein Aavedn ke liye Patrta):

  • आवेदक की आयु 18 वर्ष से 40 वर्ष होनी चाहिए
  • उत्तर प्रदेश का निवासी होना चाहिए
  • योजना के तहत प्राप्त ऋण से उत्तर प्रदेश में हीं इकाई स्थापित करना अनिवार्य होगा
  • आवेदक को 10 वीं कक्षा पास  होना अनिवार्य है
  • किसी भी सरकारी योजना के तहत पूर्व में  बैंक से ऋण का लाभ न उठा रहा हो
  • किसी भी बैंक द्वारा  दिवालिया घोषित न रहा हो
  • आवेदक का बेरोजगार होना अनिवार्य है

उ.प्र. मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना में आवेदन के  लिए दस्तावेज़ (UP Mukhyamantri Yuva Swarozgar Yojana mein Aavedn ke liye दस्तावेज़) :

  • आधार कार्ड
  • पैन कार्ड
  • निवास प्रमाण पत्र के तौर पर राशन कार्ड/ वोटर आईडी कार्ड आदि
  • परिवार का आय प्रमाण पत्र
  • पासपोर्ट साइज़ फोटो
  • शैक्षिक योग्यता का प्रमाण पत्र
  • परियोजना रिपोर्ट

उ.प्र. मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना में आवेदन की प्रक्रिया  (UP Mukhyamantri Yuva Swarozgar Yojana mein Aavedn ki Prakriya) :

  • इस योजना का आवेदन फॉर्म प्रत्येक जिले के जिला उद्योग एवं उधम प्रोत्साहन केंद्र से प्राप्त किया जा सकेगा।
  • फॉर्म में माँगी गई सूचनाये भरने के बाद सभी आवश्यक दस्तावेज़ एवं फोटो के साथ अपने जिले के उद्योग एवं उधम प्रोत्साहन केंद्र के कार्यालय में जमा करना होगा। फिर कार्यालय द्वारा सभी आवेदन फॉर्म  बैंकों के पास ऋण के लिए पात्रता की जांच हेतु भेज दिया जाएगा।
  • इसके बाद बैंक द्वारा चयनित आवेदकों को उधामिता विकास सस्थान द्वारा परियोजना से सम्बंधित प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसके पश्चात् बैंक द्वारा लाभार्थियों को ऋण की पहली किश्त प्रदान किया  जायेगा। फिर दूसरे हफ्ते तक लाभार्थियों के खाते में सरकार द्वारा देय  ऋण की मार्जिन मनी ट्रांसफर कर दी जायेगी।
  • योजना के तहत ऋण प्राप्त करने वाले लाभार्थियों के उद्योग की समीक्षा प्रत्येक महिने प्रदेश एवं जिला स्तर पर की जायेगी।

अन्य योजनायें पढ़िए हिंदी में :

 

 

 

 

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